एक्टर रणबीर कपूर की बहुप्रतीक्षित फिल्म रामायण को लेकर दर्शकों में जबरदस्त उत्साह है। खासकर भगवान राम के रूप में उनकी पहली झलक काइंतजार बेसब्री से किया जा रहा है, जो 2 अप्रैल को हनुमान जयंती के मौके पर सामने आने वाली है। लेकिन इस बड़े किरदार से जुड़ा एक दिलचस्पसच हाल ही में सामने आया—रणबीर ने शुरुआत में इस रोल को ठुकरा दिया था।
न्यूयॉर्क में आयोजित एक खास इवेंट के दौरान, जहां फिल्म की झलक दिखाई गई, रणबीर कपूर ने इस प्रोजेक्ट से जुड़ने की अपनी यात्रा के बारे मेंखुलकर बात की। उन्होंने बताया कि जब नमित मल्होत्रा ने करीब चार साल पहले उन्हें यह रोल ऑफर किया था, तो उनकी पहली प्रतिक्रिया ‘ना’ थी।उन्हें लगा कि वह इस किरदार के लिए फिट नहीं हैं और इसके साथ न्याय नहीं कर पाएंगे।
हालांकि, समय के साथ यह डर कृतज्ञता में बदल गया। रणबीर ने कहा कि यह मौका उनके जीवन के उस दौर में आया जब उन्हें खुद को बदलने कीजरूरत थी। इसी दौरान वह पिता भी बने, और उनके अनुसार भगवान राम का किरदार निभाना और पिता बनना—दोनों ही उनके जीवन में एकमहत्वपूर्ण मोड़ साबित हुए।
फिल्म के लिए अपनी तैयारी को लेकर रणबीर ने बताया कि उनकी शुरुआत बचपन से ही हो गई थी, जब उन्होंने रामानंद सागर की रामायण देखीथी। उन्होंने कहा कि भगवान राम की कहानी हमारे भीतर गहराई से बसी हुई है, और इस किरदार को निभाने के लिए उन्हें सिर्फ शारीरिक ही नहीं,बल्कि भावनात्मक और आध्यात्मिक रूप से भी खुद को तैयार करना पड़ा। उनके लिए यह किरदार सिर्फ अभिनय नहीं, बल्कि आस्था और जिम्मेदारीका विषय है।
नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही रामायण हिंदी सिनेमा की सबसे भव्य फिल्मों में से एक मानी जा रही है। फिल्म में साई पल्लवी सीता, सनीदेओल हनुमान और रवि दुबे लक्ष्मण के किरदार में नजर आएंगे। यह फिल्म दो भागों में रिलीज होगी—पहला भाग दिवाली 2026 पर और दूसरा भागदिवाली 2027 पर सिनेमाघरों में आएगा।
इस मेगा प्रोजेक्ट के साथ, रणबीर कपूर न सिर्फ एक बड़े किरदार को जीवंत करने जा रहे हैं, बल्कि एक ऐसी कहानी का हिस्सा बन रहे हैं जो सदियोंसे लोगों के दिलों में बसी हुई है।